रोहतक के टिटोंली तथा घिलौड गांव में मौतों का फूटा बम, कंटेंटमेंट जोन घोषित

 

हरियाणा के रोहतक जिले के टिटोंली तथा घिलौड दोनों गांव मौतों का सिलसिला थम नहीं रहा है। इस गांव को कंटेंटमेंट जोन घोषित करके सील कर दिया गया है। इन गांवों में पुलिस का पहरा लगा दिया गया है। अब इन गांवों के लोगों को कोविड-19 के नियमों का सख्ती से पालन करना होगा। ताकि इन गांव को जल्दी से कोरोना से मुक्त किया जाए।

 

बता दें कि इन दोनों गांवों में पिछले 1 सप्ताह में 40 के आसपास मौत हो चुकी है। ऐसा लगता नहीं है कि गांव में एक भी ऐसा घर हो जिसमें बुखार, खांसी, जुखाम न हो। अभी तक जो मौतें हुई है उनका कारण बुखार तथा हर्ट अटैक बताया गया है।

See also  5 जुलाई से इन रूटों पर चलेगी पैसेंजर ट्रेन

जब इन गांवों की खबर प्रशासन तक पहुंची तो प्रशासन ने गांवों को सैनिटाइज करवा कर पूरे गांव को सील करवा दिया है। लेकिन फिर भी मौतें लगातार हो रही है। मौतों का सिलसिला रुकने का नाम ही नहीं ले रहा है। इसलिए प्रशासन ने दोनों गांवों को कंटेंटमेंट जोन घोषित कर दिया है। इन गांवों में हो रहे मौतों से प्रशासन की नींद उड़ हुई है। यह मौतों का सिलसिला अप्रैल 25 से शुरू हुआ था तथा अब मौतों में लगातार इजाफा होता जा रहा है।

 

यह भी देखा गया है कि व्यक्ति को एक या 2 दिन के लिए बुखार होता है तथा उसके बाद उसकी मृत्यु हो जाती है। गांव वाले बहुत डरे हुए हैं क्योंकि जब वह किसी व्यक्ति का अंतिम संस्कार करके वापस लौटते हैं तो दूसरी मौत हुई मिलती है। इन दोनों गांवों पर बहुत ज्यादा संकट है। एक तो मौतें थम नहीं रही है दूसरा इनका रोजगार भी छूट गया है।

See also  गुरुग्राम से फरीदाबाद आना जाना पड़ेगा और भी महंगा,देखिए क्यों पड़ेगा महंगा

 

गांव में टेस्टिंग की रफ्तार बहुत ज्यादा धीमी है। अभी तक जो भी टेस्ट किए गए हैं उनमें ज्यादातर कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। पुलिस ने गांव में मौतों का सिलसिला रोकने में कोई कसर नहीं छोड़ रखी है। पुलिस ने बाहर गांव से आने वाले लोगों का गांव में प्रवेश बंद कर दिया है। तथा इसके साथ साथ सख्त पहरा भी दे रही हैं।

 

बुधवार को एसडीएम राकेश कुमार, बीडीपीओ तथा डीएसपी ने गांव के सरपंच तथा लोगों से बैठक की है। जेवियर कुंडू ने कहा है कि इन मौतों का जिम्मेदार गांव में लगे तीन मोबाइल टावर है। इन्हें 15 दिन के लिए बंद किया जाए। इससे मौतों को रोका जा सकता है। अगर इनसे मौत नहीं हो रही है तो इन्हें 15 दिन बाद दोबारा चलवा दिया जाए।

See also  नौकरी की तलाश में आए युवक ने बछिया के साथ की हैवानियत

 

स्वामी आदित्यवेश ने गांव में मौतों का सिलसिला रोकने के लिए पूरे गांव में धूणी लगाई है।

 

Leave a Reply