Pollution Report 2021: 20 सबसे ज्यादा प्रदूषित नगरों में हरियाणा का एक जिला भी शामिल

नई दिल्दुली| दुनिया के सबसे ज्यादा प्रदूषित शहरों में हरियाणा का जींद जिला भी शामिल हो गया है। हालांकि यह जिला औद्योगिक रूप से पिछड़ा हुआ है, लेकिन जिले के आस पास बनी टायर जलाने वाली व बैटरी लेड वाली फैक्ट्रियों को इसका कारण बताया जा रहा है।

दिन में बन्द रहती हैं फैक्ट्रियां

बता दें कि ये फैक्ट्रियां दिन में बन्द रहती हैं। किन्तु रात के समय इनमें लगभग 7-8 टन टायरों को प्रतिदिन पिघलाकर तेल व लोहे की तारें बनाई जाती हैं। ये तेल हॉट मिक्स प्लांट व सीमेंट फैक्ट्रियों में बेचा जाता है। टायर पिघलाने से कार्बन मोनो ऑक्साइड व सल्फर ऑक्साइड जैसे कैमिकल निकलते हैं। जो सांस सम्बन्धी बीमारियों का कारण बनते हैं।

See also  शादी के अगले दिन ही भाग गई, दुल्हन

अक्टूबर नवम्बर में प्रदूषण का स्तर सबसे अधिक

हर साल अक्टूबर नवम्बर में प्रदूषण का स्तर अत्यधिक होता है। क्योंकि यह समय धान कटाई का होता है। कुछ किसान फसल को कमबाइन मशीन से काट कर अवशेष को जला देते हैं। इन दिनों में चूंकि ठंड के मौसम की शुरुआत होती है, तो धुएं के कण आसमान में जम जाते हैं।
पिछले साल अक्टूबर नवम्बर में प्रदूषण का स्तर 400 माइक्रो ग्राम तक पहुंच गया था। नवंबर दिसंबर में भी प्रदूषण का स्तर 200 माइक्रो ग्राम पर था।

5 साल में कटे एक लाख पेड़

जींद में नेशनल हाइवे और सड़कों को चौड़ा करने के लिए लाखों पेड़ों को काटा गया। प्रदूषण बढ़ने का एक कारण यह भी है।

See also  ECIL RECRUITMENT 2021: इलेक्ट्रॉनिक्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड में निकली बंपर सरकारी नौकरियां, जाने कैसे कर सकते हैं आवेदन👇🏻👇🏻👇🏻

रियाणा के और जिले भी सूची में शामिल

जींद के आलावा फरीदाबाद हिसार फतेहाबाद बंधवादी गुरुग्राम यमुनानगर रोहतक और धारूहेड़ा भी टॉप 30 में शामिल हैं। हालांकि रिपोर्ट में ये बात भी सामने आई है कि 2019 के मुकाबले 2020 में जिलों की वायु गुणवत्ता में सुधार आया है।

Leave a Reply